Top News

बागी पिता से अलग हुई बेटी की राह, मातोश्री पहुंचकर उद्धव के प्रति जताई निष्ठाDaughter parted ways with her rebellious father, reached Matoshree and expressed her allegiance to Uddhav.

 

मुंबई। महाराष्ट्र की राजनीति में एक नया मोड़ तब आया जब बीएमसी पार्षद राजूल पाटिल ने अपने पिता और पूर्व शिवसैनिक संजय पाटिल के रुख से अलग रास्ता चुनते हुए शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) के प्रति अपनी निष्ठा दोहराई। 'मातोश्री' पहुंचकर उन्होंने पार्टी प्रमुख से मुलाकात की और स्पष्ट संदेश दिया कि वह पार्टी के साथ मजबूती से खड़ी हैं।


राजूल पाटिल का यह कदम इसलिए भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है क्योंकि उनके पिता संजय पाटिल हाल ही में पार्टी लाइन से अलग रुख अपनाने के कारण चर्चा में रहे हैं। मुलाकात के बाद राजूल ने कहा कि उनके पिता का फैसला उनका व्यक्तिगत निर्णय है, लेकिन उनकी राजनीतिक प्रतिबद्धता शिवसेना (यूबीटी) और उद्धव ठाकरे के साथ है। उन्होंने कहा कि पार्टी ने उन्हें पहचान और अवसर दिया है, इसलिए वह संगठन के प्रति पूरी तरह समर्पित हैं।

सूत्रों के अनुसार, उद्धव ठाकरे ने राजूल पाटिल की बात गंभीरता से सुनी और उनके समर्थन का स्वागत किया। इस दौरान उन्हें पार्टी के आगामी कार्यक्रमों और संगठनात्मक गतिविधियों में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी भी सौंपी गई।

राजनीतिक जानकारों का मानना है कि ऐसे समय में जब महाराष्ट्र की राजनीति में दल-बदल और गुटबाजी की चर्चा तेज है, राजूल पाटिल का यह कदम उद्धव ठाकरे के लिए मनोबल बढ़ाने वाला साबित हो सकता है। साथ ही यह संदेश भी देता है कि राजनीतिक मतभेदों के बावजूद परिवार के सभी सदस्य एक जैसी राह चुनें, यह जरूरी नहीं है।

Post a Comment

Previous Post Next Post