नई दिल्ली। जंतर-मंतर पर जुलाई में हुए कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के प्रदर्शन से जुड़ा एक मामला अब दिल्ली पुलिस की साइबर जांच तक पहुंच गया है। एक 25 वर्षीय महिला ने आरोप लगाया है कि उसकी निजी तस्वीर को AI और फेस-स्वैप तकनीक के जरिए मॉर्फ कर आपत्तिजनक रूप दिया गया और बाद में इस तस्वीर का इस्तेमाल प्रदर्शन के दौरान बैनर-पोस्टर में किया गया। दिल्ली पुलिस ने शिकायत के आधार पर साइबर थाने में FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
महिला का आरोप है कि उसकी तस्वीर को बिना अनुमति डिजिटल रूप से बदलकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तस्वीर के साथ जोड़ा गया। शिकायत के मुताबिक इस कथित मॉर्फ्ड तस्वीर को बड़े पोस्टरों और बैनरों पर प्रदर्शित किया गया तथा प्रदर्शन के दौरान उसके खिलाफ कथित तौर पर आपत्तिजनक नारे और टिप्पणियां की गईं। इन दृश्यों के वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर प्रसारित किए जाने का आरोप भी लगाया गया है।
शिकायत में CJP से जुड़े अभिजीत दीपके, सौरव दास, आशुतोष रांका और रत्ना सिंह के नाम लिए गए हैं। हालांकि दिल्ली पुलिस ने फिलहाल FIR में आरोपियों को अज्ञात बताया है और इन चारों को आरोपी के रूप में नामित नहीं किया गया है। पुलिस का कहना है कि तस्वीर तैयार करने, पोस्टर छापने, प्रदर्शन में प्रदर्शित करने और सोशल मीडिया पर प्रसारित करने की पूरी कड़ी की जांच की जा रही है।
इससे पहले भी जंतर-मंतर के CJP प्रदर्शन से जुड़े AI-मैनिपुलेटेड फोटो और वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित होने की रिपोर्ट सामने आई थी।

Post a Comment