मुंबई/यरुशलम
वीरता, राष्ट्र गौरव और सुशासन के प्रतीक छत्रपति शिवाजी महाराज की प्रतिमा अब इजरायल में स्थापित किए जाने की तैयारी है। इस पहल को भारत और इजरायल के सांस्कृतिक संबंधों को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। प्रतिमा स्थापना के बाद प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के देश में भी ‘जय भवानी-जय शिवाजी’ का उद्घोष सुनाई देगा।
बताया जा रहा है कि प्रतिमा स्थापना का उद्देश्य छत्रपति शिवाजी महाराज के साहस, नेतृत्व और राष्ट्र निर्माण के आदर्शों को वैश्विक स्तर पर सम्मान देना है। भारत और इजरायल के बीच बढ़ते रणनीतिक, सांस्कृतिक और सामाजिक संबंधों के बीच इस पहल को विशेष महत्व दिया जा रहा है।
शिवाजी महाराज भारतीय इतिहास के उन महान योद्धाओं में गिने जाते हैं जिन्होंने सीमित संसाधनों के बावजूद शक्तिशाली साम्राज्यों का मुकाबला करते हुए स्वराज की स्थापना की थी। उनके प्रशासन, सैन्य रणनीति और जनकल्याणकारी दृष्टिकोण की आज भी देश-विदेश में सराहना की जाती है।
प्रतिमा स्थापना से जुड़े कार्यक्रम की औपचारिक घोषणा और स्थान संबंधी विस्तृत जानकारी सामने आने के बाद इस परियोजना को लेकर और अधिक तस्वीर स्पष्ट होगी। वहीं, महाराष्ट्र सहित देशभर के शिवभक्तों में इस खबर को लेकर उत्साह देखा जा रहा है।

Post a Comment