मध्य प्रदेश से राज्यसभा सांसद एल मुरुगन तमिलनाडु विधानसभा चुनाव में अपनी किस्मत आजमा रहे हैं. अभी वह केंद्र में राज्यमंत्री हैं और दक्षिण में भारतीय जनता पार्टी के बड़े नेता माने जाते हैं. इसके अलावा वह तमिलनाडु में भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष भी रह चुके हैं.
तमिलनाडु में इस समय चुनावी बयार बह रही है, जहां सभी पार्टियां अपने-अपने उम्मीदवारों के समर्थन में लगातार प्रचार कर रही हैं. भारतीय जनता पार्टी तमिलनाडु में कभी भी मजबूत नहीं रही और उसे हमेशा दूसरे दलों का साथ लेना पड़ा है. इस बार भी बीजेपी AIADMK के साथ गठबंधन में 27 सीटों पर चुनाव पर लड़ रही है. लेकिन मध्य प्रदेश से राज्यसभा सांसद एल मुरुगन तमिलनाडु की अविनाशी सीट से विधायकी का चुनाव लड़ रहे हैं.
एल मुरुगन भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता हैं और उनका जन्म 29 मई 1977 को तमिलनाडु के नमक्कल जिले के एक साधारण परिवार में हुआ था. वह शुरुआत से ही सामाजिक तथा राजनीतिक गतिविधियों में सक्रिय हो गए. वह सामाजिक न्याय, अनुसूचित जाति के अधिकारों और युवाओं से जुड़े मुद्दों पर सक्रिय रूप से काम करते रहे हैं.
मध्य प्रदेश से बने राज्यसभा सांसदउन्होंने अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत भारतीय जनता युवा मोर्च से की थी. बाद में वह साल 2020 में तमिलनाडु भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष भी बने. इसके बाद साल 2021 में उन्हें केंद्र सरकार में मंत्री बनाया गया, तब वह मध्य प्रदेश से राज्यसभा सांसद बने. वह अभी केंद्र में मंत्री हैं.
केंद्र सरकार में मंत्री हैं एल मुरुगनएल मुरुगन अभी सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय के राज्य मंत्री हैं. इससे पहले वह मत्स्य पालन, पशुपालन एवं डेयरी राज्य मंत्री के रूप में कार्य कर चुके हैं. उनके पास अपार अनुभव मौजूद है और वह जमीन से जुड़े हुए नेता माने जाते हैं. इसी वजह से पार्टी ने उन्हें राज्यसभा सांसद रहते हुए भी विधायकी का चुनाव लड़वाया है.
इससे पहले वह साल 2011, 2012 उपचुनाव और 2021 में भी विधानसभा का चुनाव लड़ चुके हैं, लेकिन तब तीनों ही बार उन्हें हार का मुंह देखना पड़ा था. इसके अलावा वह साल 2024 में नीलगिरी से लोकसभा चुनाव लड़े थे, लेकिन तब उन्हें DMK के ए. राजा से हार झेलनी पड़ी थी. अब दोबारा से वह विधानसभा चुनाव में किस्मत आजमा रहे हैं.
4 मई को आएंगे तमिलनाडु विधानसभा के नतीजेतमिलनाडु में इस बार 23 अप्रैल 2026 को वोट डाले जाएंगे और पूरे राज्य में एक ही चरण में चुनाव होगा. वहीं मतगणना 4 मई को होगी. तमिलनाडु में इस बार मुख्य मुकाबला मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन के नेतृत्व वाले DMK गठबंधन और ई पलानीस्वामी के नेतृत्व वाले NDA (AIADMK+BJP) के बीच है. वहीं अभिनेता से नेता बने विजय की पार्टी तमिलगा वेट्ट्री कजगम (TVK) भी मैदान में है.

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