मुंबई। समान नागरिक संहिता यानी UCC को लेकर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने बड़ा ऐलान किया है। उन्होंने कहा कि 2029 के लोकसभा चुनाव से पहले भाजपा के नेतृत्व वाले NDA की सरकार वाले सभी 21 राज्यों में समान नागरिक संहिता लागू कर दी जाएगी। शाह ने यह बात 13 सितंबर को मुंबई में कही।
शाह ने कहा कि तीन तलाक खत्म कर मुस्लिम महिलाओं को समान अधिकार देने की दिशा में कदम उठाया गया है और कई राज्यों में UCC लागू करने की प्रक्रिया आगे बढ़ चुकी है। उन्होंने भरोसा जताया कि अगले लोकसभा चुनाव से पहले NDA शासित सभी 21 राज्यों में इसे लागू किया जाएगा।
फिलहाल उत्तराखंड, गुजरात और असम UCC को लेकर आगे बढ़ चुके हैं। उत्तराखंड में फरवरी 2024 में कानून पारित हुआ था, जबकि गुजरात ने मार्च 2026 में UCC विधेयक पारित किया। असम में भी मई 2026 में संबंधित कानून पारित होने की रिपोर्ट है।
UCC का मकसद विवाह, तलाक, उत्तराधिकार और गोद लेने जैसे नागरिक मामलों में अलग-अलग समुदायों के लिए लागू व्यक्तिगत कानूनों की जगह समान कानूनी व्यवस्था लाना है। हालांकि, इसे लागू करने की प्रक्रिया हर राज्य में अलग हो सकती है और राजनीतिक तथा सामाजिक स्तर पर इस पर बहस भी जारी है।
शाह का यह बयान साफ संकेत है कि UCC अब केवल भाजपा का चुनावी मुद्दा नहीं, बल्कि 2029 से पहले राज्यों के स्तर पर बड़े कानूनी बदलाव का लक्ष्य बन चुका है।

Post a Comment