नई दिल्ली। रक्षा सचिव राजेश कुमार सिंह की आर्मेनिया की आधिकारिक यात्रा पूरी हो गई है। यात्रा के दौरान भारत और आर्मेनिया के बीच रक्षा सहयोग को और मजबूत करने तथा द्विपक्षीय संबंधों को नई दिशा देने पर चर्चा हुई।
रक्षा मंत्रालय के अनुसार, बातचीत में रक्षा क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने, सैन्य संबंधों को मजबूत करने और दोनों देशों के बीच आपसी हित से जुड़े मुद्दों पर विचार-विमर्श किया गया। भारत ने आर्मेनिया के साथ रक्षा क्षेत्र में लंबे समय से चले आ रहे सहयोग को आगे बढ़ाने की प्रतिबद्धता दोहराई।
बैठक के दौरान दोनों पक्षों ने बदलते क्षेत्रीय और वैश्विक सुरक्षा परिदृश्य पर भी विचार साझा किए। रक्षा सहयोग के साथ प्रशिक्षण, क्षमता निर्माण और रक्षा उद्योग से जुड़े क्षेत्रों में संभावनाओं पर भी चर्चा हुई।
भारत और आर्मेनिया के संबंध हाल के वर्षों में रक्षा क्षेत्र में तेजी से मजबूत हुए हैं। आर्मेनिया भारतीय रक्षा उपकरणों का महत्वपूर्ण खरीदार भी रहा है। ऐसे में रक्षा सचिव की यात्रा को दोनों देशों के बीच रणनीतिक और रक्षा साझेदारी को आगे बढ़ाने की दिशा में अहम माना जा रहा है।
यात्रा के दौरान हुई बातचीत से आने वाले समय में रक्षा उत्पादन, सैन्य प्रशिक्षण और तकनीकी सहयोग के नए अवसर खुलने की उम्मीद है। दोनों देशों के बीच बढ़ता रक्षा सहयोग भारत की पश्चिम एशिया और यूरोप से जुड़ी व्यापक रणनीतिक पहुंच के लिहाज से भी महत्वपूर्ण है।

Post a Comment