दतिया उपचुनाव के बाद घमासान: कांग्रेस विधायक का बड़ा आरोप—“डीआईजी ने चुनाव प्रभावित करने की कोशिश की”

 


घनश्याम सिंह ने डीआईजी असित यादव और जिला पंचायत सीईओ अक्षय तेम्रवाल पर लगाए गंभीर आरोप, कलेक्टर-एसपी को बताया निष्पक्ष


दतिया। दतिया विधानसभा उपचुनाव जीतने के बाद कांग्रेस विधायक घनश्याम सिंह ने प्रशासनिक तंत्र की भूमिका को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। एक सम्मान समारोह में दिए भाषण के वायरल वीडियो के अनुसार उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव के दौरान सरकार का दबाव प्रशासनिक अधिकारियों पर था और ग्वालियर रेंज के डीआईजी असित यादव ने चुनाव प्रभावित करने की कोशिश की। उन्होंने जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी अक्षय तेम्रवाल की भूमिका पर भी सवाल उठाए।



घनश्याम सिंह ने हालांकि दतिया के तत्कालीन कलेक्टर स्वप्निल वानखेड़े और पुलिस अधीक्षक मयूर खंडेलवाल को निष्पक्ष बताते हुए कहा कि वरिष्ठ अधिकारियों की निगरानी के कारण स्थानीय स्तर पर कथित हस्तक्षेप ज्यादा प्रभावी नहीं हो सका।


विधायक ने यह भी आरोप लगाया कि उपचुनाव के बीच दतिया में नए थाना प्रभारी और टीआई की पदस्थापना की गई और इनमें से कुछ अधिकारी भाजपा प्रत्याशी आशुतोष तिवारी के समर्थक थे। उनके अनुसार इन अधिकारियों ने निष्पक्ष तरीके से काम नहीं किया।


यह मामला इसलिए भी दिलचस्प है क्योंकि कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने जीत के बाद आयोजित आभार सभा में दतिया प्रशासन के अधिकारियों पर इसके विपरीत आरोप लगाए थे।


बड़ा सवाल: आखिर चुनाव के दौरान प्रशासन पर किसका दबाव था? क्या विधायक के आरोपों की स्वतंत्र जांच होगी या ये आरोप राजनीतिक बयानबाजी बनकर रह जाएंगे?


नोट: डीआईजी असित यादव, अक्षय तेम्रवाल और आशुतोष तिवारी की ओर से इन आरोपों पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया उपलब्ध हो तो उसे भी खबर में शामिल किया जाना चाहिए।

Post a Comment

Previous Post Next Post